पहाड़ पर सैलानियों का सैलाब, 35 हजार गाड़ियों के बाद नैनीताल SSP का बड़ा एक्शन, शाम 4 बजे के बाद पहाड़ चढ़ने पर ब्रेक
लॉन्ग वीकेंड, साफ मौसम और छुट्टियों के चलते पहाड़ों की ओर सैलानियों का सैलाब उमड़ पड़ा है. नैनीताल, भवाली, भीमताल और कैंची धाम की तरफ वाहनों का दबाव लगातार बढ़ रहा है. बीते दिन इन इलाकों में 35 हजार से ज्यादा वाहनों की आवाजाही दर्ज की गई, जिसके बाद नैनीताल पुलिस ने ट्रैफिक व्यवस्था को संभालने के लिए नया प्लान लागू किया है.
अगर आप शनिवार या रविवार को शाम के वक्त पहाड़ की तरफ जाने का प्लान बना रहे हैं तो निकलने से पहले ट्रैफिक व्यवस्था जरूर देख लें. पुलिस के मुताबिक शाम 4 बजे से रात 10 बजे तक हल्द्वानी-काठगोदाम से नैनीताल, भवाली और भीमताल की ओर जाने वाले यातायात को नियंत्रित किया जाएगा. इस अवधि में पहाड़ से नीचे आने वाले वाहनों को प्राथमिकता दी जाएगी.
नैनीताल पुलिस का यह फैसला लंबे वीकेंड के दौरान बढ़े ट्रैफिक दबाव को देखते हुए लिया गया है. इसका मकसद पहाड़ी रास्तों पर वाहनों की लंबी कतार और जाम की स्थिति को नियंत्रित करना है. स्थानीय लोगों से भी शाम 4 से रात 10 बजे तक अनावश्यक रूप से पहाड़ की ओर यात्रा नहीं करने की अपील की गई है.
पुलिस के नए प्लान के तहत शाम 5 बजे के बाद भीमताल तिराहे से वन-वे व्यवस्था लागू की जाएगी. यहां से वाहनों को नीचे की ओर भेजा जाएगा, ताकि पहाड़ से लौट रहे ट्रैफिक को व्यवस्थित तरीके से निकाला जा सके. इसके बाद शाम 5:30 बजे से नैनीताल की ओर जाने वाले यातायात को करीब तीन घंटे तक नियंत्रित किया जाएगा.
लॉन्ग वीकेंड के कारण नैनीताल-भवाली मार्ग के साथ भीमताल और कैंची धाम की तरफ भी वाहनों का दबाव बढ़ा हुआ है. ऐसे में पुलिस अलग-अलग प्वाइंट पर यातायात को नियंत्रित करेगी. स्थानीय लोगों और पर्यटकों से पुलिसकर्मियों के निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है.
यातायात व्यवस्था संभालने के लिए पुलिस, ट्रैफिक पुलिस, आरटीओ और संबंधित विभागों की टीमें तैनात की गई हैं. एसएसपी नैनीताल मंजुनाथ टीसी ने लोगों से अपील की है कि जरूरी नहीं होने पर शाम 4 से रात 10 बजे के बीच पहाड़ की ओर यात्रा करने से बचें.
कैंची धाम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस ने निजी वाहनों से मंदिर तक नहीं जाने की अपील की है. श्रद्धालुओं के लिए भीमताल विकास भवन, भवाली चौराहा और सैनिटोरियम से शटल सेवा संचालित की जा रही है. लोगों से निर्धारित पार्किंग में वाहन खड़ा करने और आगे की यात्रा शटल से करने को कहा गया है.
कैंची धाम में भीड़ को नियंत्रित करने के लिए वन-वे दर्शन व्यवस्था लागू की गई है. दर्शन के लिए प्रवेश और निकास के अलग-अलग रास्ते निर्धारित किए गए हैं. पुलिस ने श्रद्धालुओं से व्यवस्था बनाए रखने और तय रूट का इस्तेमाल करने की अपील की है.
एसएसपी मंजुनाथ टीसी ने पर्यटकों और श्रद्धालुओं से निर्धारित रूट, पार्किंग और शटल सेवा का इस्तेमाल करने को कहा है. पुलिस का कहना है कि ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए सभी संबंधित विभागों की टीमें मौके पर तैनात रहेंगी.
अगर शाम 4 बजे के बाद पहाड़ की ओर जाना जरूरी है तो पुलिस ने वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करने की सलाह दी है. नैनीताल जाने वाले वाहन कालाढूंगी मार्ग का इस्तेमाल कर सकते हैं. इससे हल्द्वानी-काठगोदाम से नैनीताल की ओर जाने वाले मुख्य मार्ग पर दबाव कम करने में मदद मिलेगी.
वहीं रुद्रपुर, बाजपुर, रामनगर, काशीपुर और मुखानी की तरफ से आने-जाने वाले वाहनों के लिए मुखानी–फतेहपुर–पटवा डांगर मार्ग का विकल्प दिया गया है. यात्रियों से अपील की गई है कि अपनी मंजिल और समय के हिसाब से रूट तय करें.
यानी शनिवार और रविवार को पहाड़ की ओर निकलने वाले पर्यटकों और स्थानीय लोगों के लिए शाम 4 बजे के बाद ट्रैफिक व्यवस्था बदली रहेगी. 35 हजार से ज्यादा वाहनों की आवाजाही के बाद पुलिस का फोकस अब पहाड़ की ओर बढ़ रहे ट्रैफिक को नियंत्रित करने और नीचे लौटने वाले वाहनों को प्राथमिकता देने पर है. इसलिए सफर शुरू करने से पहले रूट, पार्किंग और ट्रैफिक प्लान जरूर देख लें.


